Bihar News Today Hindi: नमस्कार मैं सौरभ ठाकुर samastipurnews.in से आपको बताते चले की बिहार सरकार ने जलवायु परिवर्तन से निपटने और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के लिए एक मास्टरप्लान तैयार किया है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्य को कार्बन-फ्री बनाने के उद्देश्य से विभिन्न योजनाओं की शुरुआत की है।
Bihar News Today Hindi: राज्यस्तरीय एक्शन प्लान को मिली मंजूरी
बिहार राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड और संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम (यूएनईपी) ने वर्ष 2021 में एक समझौता (एमओयू) किया था। तीन वर्षों के अध्ययन और बैठकों के बाद इस एक्शन प्लान को अंतिम रूप दिया गया है, जिसे अब राज्य कैबिनेट की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा।
| पहल का नाम | उद्देश्य | प्रमुख कदम |
|---|---|---|
| जल-जीवन-हरियाली योजना | जल संरक्षण और हरित आवरण बढ़ाना | जल निकायों का निर्माण और वृक्षारोपण प्रोत्साहन |
| क्लाइमेट रेसिलिएंट एंड लो-कार्बन डेवलपमेंट पाथवे | कार्बन मुक्त बिहार 2070 तक | दीर्घकालिक कार्य योजना और रणनीति दस्तावेज का निर्माण |
| आर्द्रभूमि संरक्षण | जल निकायों की पहचान और संरक्षण | ISRO नक्शों के आधार पर सत्यापन और संरक्षण उपाय |
| कृषि वानिकी और पौधशाला योजनाएँ | वृक्षारोपण और जल संरक्षण | ड्रिप इरिगेशन और स्प्रिंकलर तकनीक को बढ़ावा |
आर्द्रभूमि संरक्षण में बड़ा कदम
बिहार में कुल 4,316 आर्द्रभूमियों के संरक्षण के लिए विशेष पहल की गई है। सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में सीमांकन और भू-सत्यापन किया गया है। दो आर्द्रभूमियों को रामसर साइट घोषित किया गया है, जबकि तीन अन्य प्रस्तावित हैं।
पर्यावरण संरक्षण के अन्य प्रयास
मुख्यमंत्री कृषि वानिकी योजना और निजी पौधशाला योजना के तहत अधिक पौधे लगाए जा रहे हैं। मनरेगा के तहत जल निकायों का निर्माण प्रोत्साहित किया जा रहा है। कृषि विभाग मोटे अनाज और जल-संरक्षण तकनीकों को भी बढ़ावा दे रहा है।






















