Bihar Vidhan Sabha Chunav: की घोषणा भले ही बाकी हो, लेकिन सियासी माहौल गरमाया हुआ है। खासकर संजय जायसवाल और प्रशांत किशोर के बीच बयानबाज़ी ने चुनावी हवा को और तेज कर दिया है। भाजपा नेता संजय जायसवाल ने प्रशांत किशोर पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं, वहीं प्रशांत किशोर की चुप्पी और उनके जवाबों ने इस जंग को और दिलचस्प बना दिया है।
संजय जायसवाल का पलटवार और छावनी पेट्रोल पंप विवाद
West Champaran Politics इस समय सुर्खियों में है क्योंकि भाजपा सांसद संजय जायसवाल ने प्रशांत किशोर के आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि प्रशांत किशोर ने खुद लिखित जवाब में स्वीकार किया है कि छावनी का पेट्रोल पंप उनका नहीं है।
संजय जायसवाल ने आरोप लगाया कि प्रशांत किशोर पब्लिक में अलग बात करते हैं और जवाब में अलग। यह बयान आने के बाद BJP Vs Jansuraj की जंग और तेज हो गई है। राजनीतिक जानकारों का कहना है कि आने वाले चुनाव में यह विवाद विपक्ष और सत्ताधारी दल दोनों की रणनीति को प्रभावित कर सकता है।
प्रशांत किशोर और पार्टी गठन की राजनीति
प्रशांत किशोर पर आरोप है कि उन्होंने जनता से वादा किया था कि पूरा बिहार घूमकर और लोगों से राय लेकर ही पार्टी बनाएंगे। लेकिन Prashant Kishor ने 2022 में ही अपनी पार्टी का गठन कर लिया था। भाजपा नेताओं का कहना है कि यह जनता के साथ छलावा है।























