नई दिल्ली, 28 जनवरी 2026योग गुरु Baba Ramdev ने वैश्विक हालात पर चिंता जताते हुए कहा है कि मौजूदा समय बेहद संवेदनशील है। उन्होंने चेतावनी दी कि पाकिस्तान, बांग्लादेश सहित कई देशों में भारत विरोधी ताकतें सक्रिय हो रही हैं। ऐसे माहौल में देश को हर स्तर पर मजबूत बनाने की जरूरत है, ताकि भारत सुरक्षित, संगठित और समृद्ध राष्ट्र के रूप में आगे बढ़ सके। रामदेव का कहना है कि सिर्फ आर्थिक ताकत नहीं, बल्कि सैन्य और आध्यात्मिक शक्ति भी देश की सुरक्षा और सम्मान के लिए जरूरी है।
वैश्विक हालात पर Baba Ramdev की चेतावनी: भारत के सामने सुरक्षा और एकता की बड़ी चुनौती
Baba Ramdev ने कहा कि दुनिया आज एक खतरनाक दौर से गुजर रही है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देशों के बीच तनाव बढ़ रहा है और आर्थिक दबाव की राजनीति तेज हो गई है। उन्होंने अमेरिका द्वारा कनाडा को 100 प्रतिशत टैरिफ लगाने की धमकी का उदाहरण देते हुए कहा कि वैश्विक व्यवस्था तेजी से बदल रही है। ऐसे समय में भारत को आत्मनिर्भर बनना होगा और विदेशी निर्भरता कम करनी होगी।उनका मानना है कि भारत को अपनी नीतियों में स्वदेशी सोच को केंद्र में रखना चाहिए। शिक्षा, चिकित्सा और जीवन पद्धति में स्वदेशी मॉडल अपनाकर ही देश लंबी दौड़ में सुरक्षित रह सकता है। उन्होंने कहा कि यदि भारत आत्मनिर्भर नहीं बना, तो बाहरी शक्तियां समय-समय पर दबाव बनाती रहेंगी।
स्वदेशी और सनातन पर जोर
Baba Ramdev ने कहा कि यदि भारत को एकजुट और समृद्ध राष्ट्र बनाना है, तो स्वदेशी शिक्षा प्रणाली, स्वदेशी चिकित्सा और सनातन जीवन पद्धति को अपनाना होगा। उन्होंने मैकाले की शिक्षा प्रणाली की आलोचना करते हुए कहा कि यह भारत की मूल संस्कृति और मूल्यों से लोगों को दूर करती है।
उनका कहना है कि सनातन विरासत भारत की आत्मा है और इसे सर्वोच्च सम्मान मिलना चाहिए। समाज में बढ़ते विभाजन पर चिंता जताते हुए उन्होंने कहा कि जाति, भाषा, वर्ग या क्षेत्र के नाम पर होने वाला टकराव देश को कमजोर करता है। भारत को एक परिवार की तरह संगठित होकर आगे बढ़ने की जरूरत है
इजरायल का उदाहरण और मजबूत राष्ट्र की जरूरत
योग गुरु ने इजरायल का उदाहरण देते हुए कहा कि आज दुनिया में कोई भी यहूदियों पर बुरी नजर डालने की हिम्मत नहीं करता, क्योंकि उनके पीछे एक मजबूत राष्ट्र खड़ा है। उन्होंने कहा कि यदि भारत भी सैन्य, राजनीतिक और आध्यात्मिक रूप से सशक्त बनता है, तो दुनिया में कोई भी हिंदुओं पर अत्याचार करने का साहस नहीं कर पाएगा।
उन्होंने संत समाज से भी एकजुट होने की अपील की और कहा कि संतों, महंतों और शंकराचार्यों के बीच मतभेद नहीं होने चाहिए। रामदेव के अनुसार, राष्ट्रीय एकता ही भारत की सबसे बड़ी ताकत है और इसी के सहारे देश भविष्य की चुनौतियों का सामना कर सकता है।
यह भी पढ़ें: बांग्लादेश में Adani की बिजली डील पर बड़ा धमाका! ‘50% ज्यादा कीमत’