भागलपुर, बिहार – भागलपुर में अब ट्रैफिक नियमों को और सख्त बनाया जा रहा है। हेलमेट की जांच के बाद अब परिवहन विभाग ने वाहनों की नंबर प्लेट पर कड़ी नजर रखने का निर्णय लिया है। शहर में नकली और अनधिकृत नंबर प्लेट के बढ़ते मामलों को देखते हुए अब हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) अनिवार्य कर दी गई है।
नकली नंबर प्लेट की समस्या
भागलपुर में नकली नंबर प्लेट लगाकर चालान से बचने की कोशिशें आम हो गई हैं। कई वाहन चालक फर्जी नंबर प्लेट का इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे चालान के मैसेज असली वाहन मालिक के पास जाते हैं। परिवहन विभाग का कहना है कि यह न केवल नियमों का उल्लंघन है बल्कि असली मालिकों के लिए परेशानी का कारण भी बनता है।
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मोटर यान निरीक्षक एस.एन. मिश्रा के अनुसार, शहर में बिना HSRP वाली गाड़ियों पर अब सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह नई व्यवस्था सभी गाड़ियों पर लागू होगी, और इस नियम के पालन के लिए व्यापक जांच अभियान शुरू किया जाएगा।
HSRP का महत्व और नियमों की सख्ती
हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) के बिना गाड़ियां अब सड़क पर नहीं चल सकेंगी। जिला परिवहन विभाग ने शहर में एक निगरानी टीम गठित करने का निर्णय लिया है, जो बिना HSRP वाले वाहनों पर कार्रवाई करेगी। नई गाड़ियां अब बिना नंबर प्लेट के सड़कों पर नहीं उतरेंगी। डीलरों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि वे बिना नंबर प्लेट के वाहन न बेचें।
जो एजेंसियां बिना नंबर प्लेट के गाड़ियां बेचती पाई जाएंगी, उन पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा। परिवहन विभाग ने सभी डीलरों को इस संबंध में नोटिस भेजने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
सुरक्षा और व्यवस्था सुधार की ओर कदम
भागलपुर में इस पहल का उद्देश्य ट्रैफिक व्यवस्था को सुधारना और फर्जी नंबर प्लेट के कारण होने वाली समस्याओं को खत्म करना है। परिवहन विभाग के इस निर्णय से न केवल वाहन चालकों को नियमों का पालन करने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा, बल्कि सड़क पर सुरक्षा और पारदर्शिता भी सुनिश्चित होगी।
इस नए नियम के तहत अगर कोई वाहन बिना HSRP के पकड़ा जाता है, तो चालान के साथ-साथ अन्य कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। परिवहन विभाग और ट्रैफिक पुलिस के इस संयुक्त प्रयास से शहर की ट्रैफिक व्यवस्था में सुधार की उम्मीद है।
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