Guinness World Record: भारत के लिए तकनीकी क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि सामने आई है। India AI Impact Summit 2026 ने जिम्मेदार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के उपयोग को लेकर छात्रों से रिकॉर्ड स्तर पर शपथ दिलाकर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में जगह बना ली। कार्यक्रम के दौरान 24 घंटे के भीतर 2,50,946 से अधिक विद्यार्थियों ने AI के सुरक्षित उपयोग का संकल्प लिया, जबकि लक्ष्य केवल 5,000 रखा गया था। यह आयोजन देश में तेजी से बढ़ते डिजिटल जागरूकता अभियान और AI शिक्षा के महत्व को भी दर्शाता है।
Guinness World Record में दर्ज हुआ छात्र संकल्प अभियान
गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड के एडजुडिकेटर प्रवीण पटेल ने घोषणा की कि इस टेक्नोलॉजी इवेंट में जिम्मेदार AI उपयोग को लेकर सबसे ज्यादा शपथ लेने का विश्व रिकॉर्ड बना है। सरकार और शिक्षण संस्थानों के सहयोग से स्कूल-कॉलेज के छात्रों को डिजिटल एथिक्स और सेफ टेक्नोलॉजी उपयोग के प्रति जागरूक किया गया।केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि यह पहल प्रधानमंत्री के विज़न के तहत शुरू की गई थी ताकि युवा पीढ़ी AI का इस्तेमाल जिम्मेदारी से करे। इस दौरान Responsible, Digital Safety और AI Literacy जैसे विषयों पर विशेष सत्र आयोजित किए गए।
इस अभियान का उद्देश्य सिर्फ रिकॉर्ड बनाना नहीं था, बल्कि छात्रों को यह समझाना भी था कि भविष्य की टेक्नोलॉजी तभी फायदेमंद होगी जब उसका उपयोग नैतिक तरीके से किया जाए। विशेषज्ञों ने बताया कि आने वाले समय में स्कूल स्तर पर Education और साइबर जागरूकता को पाठ्यक्रम का हिस्सा बनाया जा सकता है। इससे टेक्नोलॉजी के साथ-साथ डिजिटल जिम्मेदारी की समझ भी विकसित होगी।
वैश्विक नेताओं की मौजूदगी और भविष्य की दिशा
चार दिन चले इस अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में दुनियाभर के नीति-निर्माता, वैज्ञानिक और टेक कंपनियों के प्रतिनिधि शामिल हुए। Google के CEO सुंदर पिचाई, मॉरीशस के प्रधानमंत्री नवीनचंद्र रामगुलाम और सेशेल्स के उपराष्ट्रपति जैसे कई वैश्विक नेता इसमें उपस्थित रहे।
संबंधित खबरें (Also Read)
Petrol Diesel Price Hike: पेट्रोल-डीजल फिर महंगा, आम आदमी की जेब पर बढ़ा बोझ

कितनी अमीर हैं Baani Sandhu? सिंगिंग से लेकर लग्जरी लाइफ तक पूरी कहानी

Bengal Election 2026: बंगाल रिजल्ट का असर शेयर बाजार पर! 4 मई को Sensex में आएगा तूफान या गिरावट?

Stock Market Today: शेयर बाजार में हड़कंप! Sensex धड़ाम, Nifty 24000 के नीचे निवेशकों के उड़ गए होश

इस दौरान Global Collaboration, Policy Framework और Innovation Ecosystem जैसे मुद्दों पर चर्चा हुई। विशेषज्ञों ने कहा कि भारत तेजी से AI टैलेंट हब बन रहा है और यहां की युवा आबादी भविष्य के डिजिटल इकोनॉमी को दिशा दे सकती है।
यह भी पढ़ें:- India AI Impact Summit 2026: नई दिल्ली में होगा सबसे बड़ा AI सम्मेलन


















