Aaj Ka Panchang 23 September 2025: आज मंगलवार, 23 सितंबर 2025 को आश्विन मास शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि है। यह दिन शारदीय नवरात्रि का दूसरा दिन है, जिस दिन मां दुर्गा के दूसरे स्वरूप मां ब्रह्मचारिणी की पूजा की जाती है। पंचांग के अनुसार आज के दिन व्रत-पूजन, शुभ मुहूर्त और राहुकाल के समय का विशेष महत्व है। साथ ही, यह दिन धार्मिक दृष्टि से अत्यंत फलदायी माना जाता है।

आज का दैनिक पंचांग और शुभ-अशुभ समय

Aaj Ka Panchang 23 September 2025 नवरात्रि दूसरा दिन शुभ मुहूर्त और राहुकाल समय

23 सितंबर 2025 को सूर्योदय सुबह 6:10 बजे और सूर्यास्त शाम 6:16 बजे होगा। पंचांग के अनुसार द्वितीया तिथि का समापन अर्धरात्रि 4:50 बजे तक होगा, जिसके बाद तृतीया तिथि प्रारंभ होगी। हस्त नक्षत्र दोपहर 1:40 बजे तक रहेगा, उसके बाद चित्रा नक्षत्र आरंभ होगा।

आज के शुभ मुहूर्त की बात करें तो ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4:35 से 5:22 तक, विजय मुहूर्त दोपहर 2:14 से 3:03 तक और गोधूलि बेला शाम 6:16 से 6:40 तक रहेगी। वहीं, अशुभ मुहूर्त में राहुकाल दोपहर 3:00 से 4:30 बजे तक और गुलिक काल दोपहर 12:00 से 1:30 बजे तक रहेगा। यही कारण है कि कार्यों की शुरुआत शुभ समय में करना हितकारी माना गया है।

SPONSORED CONTENTAdvertisement

नवरात्रि दूसरा दिन : मां ब्रह्मचारिणी की पूजा का महत्व

Aaj Ka Panchang 23 September 2025 नवरात्रि दूसरा दिन शुभ मुहूर्त और राहुकाल समय

शारदीय नवरात्र का दूसरा दिन मां ब्रह्मचारिणी को समर्पित होता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मां ब्रह्मचारिणी तप, संयम और ज्ञान की देवी हैं। इनकी पूजा से साधक को धैर्य, शांति और सफलता की प्राप्ति होती है। आज के दिन भक्तजन पंचामृत का भोग लगाकर मां को प्रसन्न करते हैं।

ऐसा माना जाता है कि इस दिन व्रत और पूजा करने से जीवन में समस्त संकट दूर होते हैं और मन को स्थिरता मिलती है। नवरात्र के इन पावन दिनों में प्रतिदिन देवी दुर्गा के अलग-अलग स्वरूप की पूजा करने का विशेष महत्व है।

राहुकाल, व्रत और अन्य Aaj Ka Panchang 23 September 2025 जानकारी

पंचांग के अनुसार आज राहुकाल दोपहर 3:00 बजे से 4:30 बजे तक रहेगा। इस दौरान कोई भी शुभ कार्य करने से बचना चाहिए। साथ ही, यमगंड सुबह 9:00 से 10:30 बजे तक और दुर्मुहूर्त सुबह 8:35 से 9:24 तक रहेगा।

आज का दिन विशेष रूप से हिंदू त्योहार पंचांग में महत्वपूर्ण है क्योंकि यह नवरात्रि का दूसरा दिन है। इसके अलावा चंद्रमा पूरे दिन कन्या राशि में संचार करेगा। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, इस स्थिति में मनुष्य की मानसिक एकाग्रता और निर्णय क्षमता पर सकारात्मक प्रभाव पड़ता है।

Support Our Journalism

Read Without Limits

Subscribe to Samastipur News for an ad-free experience and exclusive premium content.

View Plans →

23 सितंबर 2025 का पंचांग नवरात्रि के दूसरे दिन को और भी खास बनाता है। मां ब्रह्मचारिणी की पूजा और व्रत से भक्तों को तप, शक्ति और सफलता का आशीर्वाद प्राप्त होता है। शुभ मुहूर्त में किए गए कार्य मंगलकारी सिद्ध होंगे, जबकि अशुभ समय में कार्यों से बचना ही उचित है। आप सभी को नवरात्रि की हार्दिक शुभकामनाएं।

यह भी पढ़ें:- Durga Chalisa Lyrics: नमो नमो दुर्गे सुख करनी, नवरात्रि 2025 में पाठ से मिलेगा कर्ज़ मुक्ति और सुख-समृद्धि

यह भी पढ़ें:- Maa Durga 108 Naam: नवरात्रि 2025 में मां के 108 नामों का जाप और उनका महत्व